
महात्मा गांधी ने कहा था - भारत की आत्मा गांवों में बसती है और देश की तरक्की की राह गांवों से होकर गुजरती है मगर राजस्थान की ग्राम पंचायतों की आज की तस्वीर देखकर गांधी के ग्राम स्वराज की यह बुनियाद कमजोर पड़ती नजर आ रही है.

राजस्थान के विश्वविद्यालयों में मराठी भाषा पढ़ाने को लेकर राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े के निर्देशों ने प्रदेश में नई बहस और नए सवाल छोड़ दिए. जिस प्रदेश की अपनी मायड़ भाषा राजस्थानी आज भी संवैधानिक मान्यता की प्रतीक्षा में है वहां अन्य भाषा को बढ़ावा देने का राजभवन माफ कीजिए लोकभवन का यह फरमान जले पर नमक छिड़कने जैसा लग रहा है. राज्यपाल के इस बयान पर विवाद बढ़ा तो उन्होंने सूबे के 11 विवि. में राजस्थानी भाषा अध्ययन केंद्र खोले जाने के आदेश जारी कर दिए.

प्रश्नपत्र लीक नैतिक संकट है तो करोड़ों रुपये लेकर मेडिकल सीटों की वैध बिक्री सामान्य व्यवस्था क्यों मानी जाती है. आखिर एक अवैध पेपर लीक पर देशव्यापी आक्रोश होता है, जबकि मैनेजमेंट कोटे के नाम पर शिक्षा की खुली खरीद-फरोख्त को व्यवस्था का स्वाभाविक हिस्सा क्यों स्वीकार कर लिया गया है.