
सरकारें अपनी जिम्मेदारियों से क्यों हट रही हैं?

हास-परिहास

राजस्थान सरकार का अजब-गजब फरमान, स्कूलों में प्रवेश के लिए लेनी होगी मंजूरी.

जरायम पेशे के दल-दल में धंसे लोगों को समाज की मुख्यधारा में लाने के लिए झालावाड़ पुलिस की अभिनव पहल. सलाखों से नहीं पुलिस ने सहारे से बदल दी आदतन अपराधियों की जिंदगी.

भीलवाड़ा में कांग्रेस के सिंबल अटके, कलेक्ट्रेट में 5 घंटे चला हाईवोल्टेज ड्रामा, गेट बंद होने पर भड़की कांग्रेस, बोली- प्रशासन के खिलाफ जाएंगे कोर्ट

प्रभाष ने जिस तरह तीन अंगुलियां दिखाई हैं उससे लग रहा है कि राजामौली बाहुबली : 3 भी लेकर आएंगे.

राजस्थान में नगरीय निकाय व पंचायतीराज संस्थाओं के परिसीमन के लिए भाजपा की ओर से बनाई गई समिति के संयोजक राजेंद्र राठौड़ से खास बातचीत

रोहित-विराट समेत कई दिग्गज कर चुके हैं विरोध, 10 टीमों के फीडबैक के बाद तय होगा IPL में नियम का भविष्य

अलवर में वन राज्य मंत्री संजय शर्मा के धरने से फिर उभरे पुराने जख्म. राजस्थान की सियासत में अपनी ही सरकार को घेरने वाले नेताओं की लंबी फेहरिस्त

नगरीय निकाय चुनावों में आरक्षण पर तकरार

महात्मा गांधी ने कहा था - भारत की आत्मा गांवों में बसती है और देश की तरक्की की राह गांवों से होकर गुजरती है मगर राजस्थान की ग्राम पंचायतों की आज की तस्वीर देखकर गांधी के ग्राम स्वराज की यह बुनियाद कमजोर पड़ती नजर आ रही है.

राजस्थान के विश्वविद्यालयों में मराठी भाषा पढ़ाने को लेकर राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े के निर्देशों ने प्रदेश में नई बहस और नए सवाल छोड़ दिए. जिस प्रदेश की अपनी मायड़ भाषा राजस्थानी आज भी संवैधानिक मान्यता की प्रतीक्षा में है वहां अन्य भाषा को बढ़ावा देने का राजभवन माफ कीजिए लोकभवन का यह फरमान जले पर नमक छिड़कने जैसा लग रहा है. राज्यपाल के इस बयान पर विवाद बढ़ा तो उन्होंने सूबे के 11 विवि. में राजस्थानी भाषा अध्ययन केंद्र खोले जाने के आदेश जारी कर दिए.

प्रश्नपत्र लीक नैतिक संकट है तो करोड़ों रुपये लेकर मेडिकल सीटों की वैध बिक्री सामान्य व्यवस्था क्यों मानी जाती है. आखिर एक अवैध पेपर लीक पर देशव्यापी आक्रोश होता है, जबकि मैनेजमेंट कोटे के नाम पर शिक्षा की खुली खरीद-फरोख्त को व्यवस्था का स्वाभाविक हिस्सा क्यों स्वीकार कर लिया गया है.

कुछ लोग अपनी ज़िंदगी जीते हैं, कुछ लोग अपने दौर को बदलते हैं और कुछ लोग अपनी मिट्टी की रूह बन जाते हैं. केशरीचंद 'के.सी.' मालू ऐसी ही शख़्सियत थे.

मनरेगा बनाम वीबी जी राम जी